एक समय की बात है, एक छोटे से गाँव में एक चालाक लोमड़ी रहती थी। उसका नाम कुटकुला था। एक दिन उसे बहुत भूख लगी। उसने एक कौवे को देखा जिसके मुँह में रोटी का टुकड़ा था।
कुटकुला ने कौवे से कहा, "कौवा भैया, तुम्हारी आवाज़ बहुत मीठी है। क्या तुम मेरे लिए एक गाना गाओगे?"
कौवा अपनी तारीफ सुनकर बहुत खुश हुआ। जैसे ही उसने गाने के लिए अपना मुँह खोला, रोटी का टुकड़ा नीचे गिर गया। चालाक कुटकुला ने रोटी उठाई और भाग गई।